रायपुर-
शासकीय राशन दुकानदार एवं विक्रेता कल्याण संघ की संयुक्त बैठक में दुकानदारों की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
छत्तीसगढ़ के उचित मूल्य (राशन) दुकानदारों के लिए लंबे समय से चल रहा संघर्ष अब रंग लाता दिखाई दे रहा है। शासकीय राशन दुकानदार एवं विक्रेता कल्याण संघ छत्तीसगढ़ की लगातार पहल और सात सूत्रीय मांगों पर सरकार के सकारात्मक रुख के बाद गुरुवार को इंद्रावती भवन, रायपुर में उच्चस्तरीय संयुक्त बैठक आयोजित की गई, जिसमें दुकानदारों की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
संघ के प्रतिनिधियों ने बताया कि 24 जून 2026 को खाद्य सचिव रीना बाबा साहेब कंगाले को सात सूत्रीय मांगपत्र सौंपा गया था। उस दौरान कुछ मांगों का तत्काल निराकरण किया गया, जबकि अन्य विषयों पर सभी संगठनों के साथ संयुक्त बैठक आयोजित कर समाधान निकालने पर सहमति बनी थी।
इंद्रावती भवन में हुई बैठक
इसी क्रम में 2 जुलाई को सुबह 11:30 बजे खाद्य संचालक फरिहा आलम सिद्दीकी की अध्यक्षता में इंद्रावती भवन के तृतीय तल स्थित सभागार में संयुक्त बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रदेश के तीनों राशन दुकानदार संगठनों के पांच-पांच प्रतिनिधियों के साथ नागरिक आपूर्ति निगम, विपणन विभाग तथा खाद्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
