
बिलासपुर, 29 अप्रैल 2023
जिले के किसान अब धान की फसल के साथ ही रागी फसल की खेती की ओर रूचि ले रहे है। कम लागत में अधिक मुनाफा देने वाली यह फसल किसानों के लिए समृद्धि की राह बन रही है। इसके लिए कृषि विभाग भी किसानों को इस फसल की खेती के लिए प्रोत्साहित कर रहा है। यह फसल ग्रीष्म ऋतु में धान का एक अच्छा विकल्प साबित हो रहा है।
रागी की खेती कर रहे विकासखण्ड मस्तूरी के किसान श्री घनश्याम पटेल ग्राम आंकडीह के निवासी है। वे ग्रीष्मकालीन धान की खेती करते थे, जिसमें पानी की अत्यधिक आवश्यकता होती है। जिसके कारण श्री पटेल कम रकबे में खेती करने को मजबूर थे। कम रकबे में खेती से उत्पादन भी कम होता था, जिससे उनकी लागत भी नहीं मिल पाती थी।

अपनी इन समस्याओं को क्षेत्र के ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी श्री अमित कुमार पटेल से साझा किया। अधिकारी द्वारा श्री पटेल को धान के स्थान पर रागी की खेती करने की सलाह दी गई। श्री घनश्याम ने बताया कि उन्हें कृषि विभाग की राष्ट्रीय कृषि विकास योजना ‘‘रफ्तार’’ के तहत बीज, वर्मी खाद, सूक्ष्म पोषक तत्व, कीटनाशी, फफूंदनाशी निःशुल्क प्राप्त हुआ। भूमि की तैयारी से लेकर फसल कटाई तक की सम्पूर्ण तकनीकी जानकारी ग्रा.कृ.वि.अधि. श्री अमित कुमार पटेल तथा व.कृ.वि.अधि. मस्तूरी श्री ए.के.आहिरे के मार्गदर्शन में मिली। किसान श्री पटेल ने कहा कि रागी फसलों की स्थिति को देखते हुए 25 से 30 क्विंटल प्रति हेक्टेयर की उपज संभावित है। जिससे लगभग 1 लाख 42 हजार से 1 लाख 71 हजार तक की आय होने का अनुमान है।
श्री घनश्याम पटेल ने बताया कि वे कृषि विभाग की इस योजना से बहुत खुश है। रागी की खेती करने से खेती की लागत में भी कमी आई है और अधिक उत्पादन से लाभ भी अधिक प्राप्त होता है। श्री पटेल अपने ग्राम एवं क्षेत्र के अन्य किसानों को भी रागी की खेती कर इसका लाभ लेने की समझाईश दे रहे है।

Author Profile

Latest entries
प्रधानमंत्री2026.03.27प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा श्रीराम नवमी पर एक ऐतिहासिक निर्णय
रायपुर2026.03.24आखिरी कमांडर का सरेंडर: शांति अब स्थायी कैसे हो
प्रेस क्लब2026.03.24बिलासपुर प्रेस क्लब के पुनर्निर्माण का बेलतरा विधायक शुक्ला ने मुआयना किया..प्रेस क्लब अध्यक्ष अजित मिश्रा समेत पदाधिकारी,सदस्य मौजूद रहे..
बिलासपुर2026.03.17धान खरीदी, भंडारण व उठाव पर विधानसभा में गूंजा मुद्दा..किसानों के हित में पारदर्शिता पर जोर
